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Thursday, 8 August 2019

Bada Lahri

 इस गाने में शरीर को पिंजरा बताया गया है और सुगनवा को आत्मा | 

बोले में काया में सुगनवा बड़ा लहरी ,
बड़ा लहरी हो रमा बड़ा बड़ा लहरी |

पिंजरा साढ़े तीन  हाथ का ता में सुगनवा बोले,
कभी कभी मस्ती में आ के दिल का जौहर खोले,
बोले संझवा औ बिहनवा बड़ा लहरी |
हो बोले में काया में सुगनवा बड़ा लहरी ...

पाँच तत्व का बना है पिजरां लगा है दस दरवाजा,
बीच मध्य में लगा के आसन बैठा बन के राजा,
झूले प्रेम का झुलनवा बड़ा लहरी |
हो बोले में काया में सुगनवा बड़ा लहरी ..

अपने मन की किया दवाई राख सिनवठि नाड़ी,
वो ही से बोले  वो ही से चाले वहीँ से भरे हुंकारी,
मानै उन्हीके कहनवा बड़ा लहरी |
हो बोले में काया में सुगनवा बड़ा लहरी ...

खाय पीय के मस्त हुआ तब मधुर मधुर सुर गावै,
अपने गुरु का ध्यान लगावै मीठी तान सुनावै,
गावे अपने मन का गनवा बड़ा लहरी |
हो बोले में काया में सुगनवा बड़ा लहरी ..

Tuesday, 25 June 2019

Dil gaaye sadguru tera shukrana




तुम्ही ने दिया मुझको प्रेम खजाना,
कि दिल गाये सद्गुरु तेरा शुकराना ||

जगत में बाहरमुखी हो रहे थे,सुख में सुखी दुःख में दुखी हो रहे थे,
सिखाया है हर हाल में मुस्कुराना कि दिल गाये  सद्गुरु तेरा शुकराना ||
तुम्ही ने दिया मुझको प्रेम खजाना ......

खुदगर्ज हो कर अपने लिए ही जिए थे, अपने ही हाथों विष के प्याले पिए थे,
रहमत तेरी अब न कोई लगे बेगाना, कि दिल गाये  सद्गुरु तेरा शुकराना ||
तुम्ही ने दिया मुझको प्रेम खजाना ......

कोई न पहुंचे दर पे बिना कुरबानी, मगर तेरी महिमा सद्गुरु  मैंने अभी जानी,
जले बन के शम्मा तभी आया परवाना, कि दिल गाये  सद्गुरु तेरा शुकराना ||
तुम्ही ने दिया मुझको प्रेम खजाना ......

उपकारों की चर्चा जुबाँ कर ना पाए, एहसानो का कर्जा हम कैसे चुकाए
 सिवा आसुओं के क्या दें  नज़राना, कि दिल गाये   सद्गुरु तेरा शुकराना ||
तुम्ही ने दिया मुझको प्रेम खजाना ......




Mata Bhajan: Maiya se Vinay sunai aayi

 इस भजन के बोल मैंने स्वयं ही लिखे हैं | मइया से विनय सुनाई आयी हूँ संकट की मारी, दुर्गे से, अम्बे से , मइया से , जननी से, अम्बे से विन...