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Friday, 18 January 2019

Daya Drishti paa kar

 इस गाने के बोल मैंने स्वयं लिखे हैं || 

आया शरण ठोकरें जग की खा कर  ,
हटूँगा प्रभू तेरी दया दृष्टि पा कर  ||

पहले मगन हो खुशी नींद सोया ,
सब कुछ पाने का सपना संजोया
मिलेगा वही जो लाया लिखा के |
आया शरण. .......

माना ये काया का है छलावा,
माना ये काया का है बस छलावा ,
रावण सा ग्यानी बचने ना पाया
कहाँ तक रखूँगा मैं खुद को बचाकर |
आया शरण........

कर्मों की लीला बड़ी है निराली,
हरिश्चन्द्र मरघट की करें रखवाली,
समझ में ये आया सब कुछ लुटा कर |
आया शरण........

ना है चाह कोई नहीं कोई इच्छा
अपनी दया की प्रभु दे दो भिक्षा
जिसे सबने छोड़ा उसे तू ही राखे
आया शरण........




Wednesday, 19 December 2018

Vinay: Bata Do Prabhu Tumko paaun mai kaise

 इस गाने के बोल मैंने स्वयं लिखे हैं :

बता दो प्रभु तुमको पाऊँ मैं  कैसे ,
विमुख हो के सन्मुख अब आऊँ मैं कैसे |

विषय वासनाएँ निकलती नहीं हैं ,
प्रभु बिन दया पार जाऊँ मैं कैसे |
बता दो प्रभु ...

कठिन मोह माया में अतिशय भ्रमित हूँ ,
ये चंचल चपल मैं मनाऊँ मैं कैसे |
बता दो प्रभु ...

मैं तो पतित हूँ भगवन पावन बना दे मुझको ,
तेरे दया की हाँ बूँद पाऊं मैं कैसे |
बता दो प्रभु ...

कभी सोचती तुमको रो कर पुकारूँ ,
पर ऐसा ह्रदय को बनाऊँ मैं कैसे |
बता दो प्रभु ...

ह्रदय दिव्य मेँ अलोक जो विमल हो ,
विनय उस तरह की सुनाऊँ मैं कैसे |
बता दो प्रभु ...


Mata Bhajan: Maiya se Vinay sunai aayi

 इस भजन के बोल मैंने स्वयं ही लिखे हैं | मइया से विनय सुनाई आयी हूँ संकट की मारी, दुर्गे से, अम्बे से , मइया से , जननी से, अम्बे से विन...